कभी बिजनेसमैन की लिस्ट में टॉप पर मौजूद रहने वाले अनिल अंबानी की संपत्ति में कर्ज के कारण भरी गिरावट देखने को मिली। लेकिन अब साल 2025 में उन्होंने मार्केट में धमाकेदार वापसी की है ऐसे में आइए जानते है कि अनिल अंबानी की कुल नेटवर्थ कितनी हो गई है।
अनिल अंबानी की कुल संपत्ति 2025 में
06 जून, 2025 तक, रिपोर्ट्स के अनुसार अनिल अंबानी की कुल संपत्ति लगभग $3 बिलियन डॉलर बताई जा रही है। बताया जा रहा है कि उनके व्यापार को आगे बढ़ाने उनके बेटो का महत्वपूर्ण योगदान रहा है उनके बेटो ने व्यापार की दुनिया में बड़ी उपलब्धि हासिल की है।
अनिल अंबानी
अनिल अंबानी का जन्म 4 जून सन 1959 को मुंबई में हुआ था। वे भारत के मशहूर उद्योगपति धीरूभाई अंबानी के छोटे बेटे हैं। अनिल अंबानी ने अपने बड़े भाई मुकेश अंबानी के साथ शुरू में कारोबार संभाला, लेकिन 2005 में ही रिलायंस ग्रुप का बंटवारा होने के बाद उन्होंने रिलायंस अनिल धीरूभाई अंबानी ग्रुप (ADAG) की कमान संभालनी शुरू कर दी।
कुछ वर्षों तक उन्होंने तेजी से अपनी बिजनेस को फैलाया और उनके ग्रुप की कंपनियां शेयर बाजार में तेज़ी से बढ़ीं। एक समय ऐसा भी आया जब अनिल अंबानी की भारत के सबसे अमीर लोगों में होती थी।
गिरावट की शुरुआत
2010 के बाद अनिल अंबानी की कंपनियों पर धीरे-धीरे कर्ज बढ़ने लगा। बिजनेस डील्स में असफलता, टेलीकॉम सेक्टर की गिरावट और मार्केट में लगातार गिरती शेयर की कीमतों ने उनकी कंपनियों को गहरा नुकसान पहुंचाया। कई कंपनियां घाटे में चली गईं, और रिलायंस कम्युनिकेशंस जैसी बड़ी कंपनी दिवालिया घोषित हो गई। 2020 तक हालात इतने खराब हो चुके थे कि उन्होंने अदालत में खुद को कंगाल घोषित कर दिया था। उस समय उनकी संपत्ति शून्य के बराबर मानी जा रही थी।
2025 में नई शुरुआत
लेकिन 2025 में अनिल अंबानी की जिंदगी में एक नया मोड़ आ गया है। उन्होंने धीरे-धीरे फिर से अपने बिजनेस को सुधारना शुरू किया और खास बात यह रही कि उनके बेटे ने भी इस बिजनेस को संभालने में अहम भूमिका निभाई है।
बेटा बना कारोबार की उम्मीद
अनिल अंबानी के बेटे जय अनमोल अंबानी ने अपने पिता की कंपनियों को नई दिशा देने में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने न केवल पुराने ढांचे में सुधार किया, बल्कि एक नई योजना और निवेश के अवसरों को भी अच्छे से जाना है इसका असर अब दिखने लगा है।
कर्जमुक्त होने की ओर कदम
रिपोर्ट्स के अनुसार बताया जा रहा है कि, रिलायंस पावर (Reliance Power) और रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर (Reliance Infrastructure) ने अपने ऊपर लगे सभी कर्ज को लगभग चुका दिया है। रिलायंस पावर ने हाल ही में अपने कर्ज के बड़े हिस्से को चुका दिया है। एक्सपर्ट का मानना है कि जब कंपनियां कर्ज से मुक्त होती हैं, तो निवेशकों का भरोसा फिर से लौट आएगा इससे शेयर की कीमतों में काफी उछाल देखने को मिल सकती है।
विशेषज्ञों की राय
मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि यदि अनिल अंबानी की कंपनियां इसी तरह से कर्ज मुक्त होकर मजबूती के साथ आगे बढ़ती रहीं, तो आने वाले वर्षों में वे एक बार फिर से भारतीय शेयर बाजार की प्रमुख कंपनियों में शामिल हो सकती हैं।
डिस्क्लेमर इस लेख में दी गई जानकारी विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स, समाचार स्रोतों और फोर्ब्स जैसी विश्वसनीय वेबसाइटों पर आधारित है। नेट वर्थ या बिजनेस से जुड़ी आंकड़े समय समय पर बदल सकते हैं, इसलिए किसी भी आर्थिक निर्णय से पहले आधिकारिक स्रोतों की पुष्टि अवश्य करें।
Read More Tesla India अब मुंबई में! Model Y की धमाकेदार एंट्री और कीमतें
निष्कर्ष
अनिल अंबानी की कहानी यह दर्शाती है कि बिजनेस में उतार-चढ़ाव आते रहते है लेकिन मेहनत, नई सोच और पारिवारिक सहयोग से फिर अपने कारोबार को खड़ा किया जा सकता है 2025 में उनकी वापसी एक प्रेरणादायक उदाहरण बनती जा रही है।